फिर बाहर आने वाला है युक्तियुक्तकरण का जिन्न …. डीपीआई ने सभी जेडी से मांगी 2 दिनों के अंदर उनके संभाग के अतिशेष शिक्षकों की जानकारी…स्कूल में शिक्षकों की कमी दूर करने होने वाली है बड़ी कार्रवाई !

प्रदेश में युक्तियुक्तकरण का जिन्न एक बार फिर बोतल से बाहर आने को तैयार है । युक्तियुक्तकरण यानी वह व्यवस्था जिसके तहत जिन स्कूलों में शिक्षक अतिशेष है उन्हें उन स्कूलों में पदस्थापना देना जिन स्कूलों में शिक्षकों की कमी है और इसकी तैयारी स्कूल शिक्षा विभाग में शुरू हो गई है लोक शिक्षण संचालनालय की तरफ से पत्र जारी करके सभी जेडी से उनके संभाग में कार्यरत अतिशेष शिक्षकों की जानकारी मांगी गई है । विभाग से मिली जानकारी के अनुसार शासन प्रशासन ऐसे शिक्षकों को उन स्कूलों में पदस्थ करना चाहते हैं जहां पर शिक्षकों की भारी कमी है । दरअसल बीते वर्ष में चाहे पदोन्नति का मामला हो या फिर नई शिक्षक भर्ती की, पदस्थापना के समय जो नियम तैयार किए गए थे उसकी जमकर अवहेलना की गई और नियमों के मुताबिक जहां शिक्षक नहीं थे यह जिन स्कूलों में केवल एक शिक्षक थे उन्ही स्कूलों में पदस्थापना करनी थी लेकिन इसके उलट पैसों का लेनदेन कर उन स्कूलों में पदस्थापना की गई जिन स्कूलों में पहले से शिक्षक पर्याप्त मात्रा में पदस्थ थे और यही वजह है कि शिक्षक अतिशेष हो गए और सभी जिलों में विशेष तौर पर ट्राईबल बेल्ट में सैकड़ो की संख्या में ऐसे स्कूल हैं जहां या तो शिक्षक है ही नहीं या एक ही शिक्षक स्कूल की जिम्मेदारी संभाल रहा है । असर की रिपोर्ट आने के बाद शासन ने इस मामले को संजीदगी से लिया है और अब इस बात की तैयारी चल रही है कि जिन स्कूलों में सेटअप से अधिक शिक्षक कार्यरत हैं उन्हें उस स्कूलों में भेजा जाएगा जहां शिक्षक पदस्थ नहीं है यानी एक बार फिर युक्तियुक्तकरण करने की तैयारी है। देखे विभाग का पत्र


